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वारिसलीगंज बंद चीनी मिल की भूमि पर Ambuja Cement factory के शिलान्यास कार्यक्रम में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नहीं आने की चर्चा से लोगों में उहापोह, कृषि आधारित उद्योग लगाने की मांग ने पकड़ी रफ्तार

Nawada जिले की वारिसलीगंज बंद चीनी मिल की भूमि पर adani ग्रुप द्वारा Ambuja Cement factory की स्थापना के खिलाफ शनिवार को किसान संघर्ष मोर्चा के आह्वान पर वारिसलीगंज बाजार शांतिपूर्ण बंद तथा CPI का प्रखंड कार्यालय पर धरना प्रदर्शन के बाद शनिवार की रात्रि एकाएक मुख्यमंत्री का कार्यक्रम स्थगित किए जाने की चर्चा से लोग उहापोह में हैं.

बताया जाता है कि इस सीमेंट फैक्ट्री का भूमि पूजन करने 29 जुलाई को बिहार सरकार के मुखिया नीतीश कुमार, नवादा सांसद विवेक ठाकुर तथा अदानी ग्रुप के मालिक वारिसलीगंज आने वाले थे. सारी प्रशासनिक तैयारियां पूरी कर ली गई थी. परंतु अपरिहार्य कारणवश मुख्यमंत्री एवम नेताओं का कार्यक्रम एकाएक स्थगित कर दिए जाने की चर्चा चौक चौराहे पर हो रही है.

बता दें कि वारिसलीगंज की बंद चीनी मिल की भूमि काे पहले वियाडा को सौंपी गई थी. वियाडा द्वारा भूमि अडानी समूह को सीमेंट फैक्ट्री लगाने के लिए आवंटित कर दिया गया. अडानी समूह द्वारा अंबुजा सीमेंट का प्लांट लगाया जा रहा है. करीब 1400 करोड़ रुपये अडानी समूह द्वारा यहां इन्वेस्ट करने की बात कहीं जा रही है.

29 जुलाई सोमवार को शिलान्यास होना था. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार यहां पहुंचने वाले थे. इसकी तैयारियां जोर-शोर से हो रही थी. स्थानीय लोगों में से एक बड़े समूह को सीमेंट फैक्ट्री की स्थापना रास नहीं आ रही है.

विरोध की दो वजहें प्रमुखता से गिनाई जा रही है. लोगों का मानना है कि वारिसलीगंज का इलाका कृषि प्रधान है. चीनी मिल की भूमि पर चीनी मिल की ही स्थापना होनी चाहिए थी. चीनी मिल की स्थापना संभव नहीं हो रही थी तो कृषि आधारित उद्योग लगाया जाना चाहिए था. इससे स्थानीय किसानों को लाभ होता. विरोध की दूसरी वजह स्वास्थ्य समस्या बताया जा रहा है. लोगों का मानना है कि सीमेंट प्लांट से स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा. 

वैसे विरोध करने वालों से इतर कुछ अलग राय रखने वाले लोगों का कहना है कि सीमेंट प्लांट से रोजगार  सृजन होगा. इलाके की अर्थव्यस्था सुधरेगी. हालांकि विरोध तथा बाजार बंद का कितना असर राज्य सरकार और अडानी समूह पर पड़ता है, आने वाले दिनों में साफ होगा. 

बताया जा रहा था कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार शिलान्यास कार्यक्रम में शामिल होंगे. साथ ही, अडानी समूह के चीफ गौतम अडानी भी आ रहे हैं. वियाडा परिसर में दो हेलीपैड का निर्माण कराया जा रहा था. एक हेलीपैड पर CM Nitish Kumar  और दूसरे पर Gautam Adani का हेलीकॉप्टर लैंड करना था.

मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर फैक्ट्री प्रबंधन दिन रात एक कर तैयारियों में जुटा था. बड़ा सा भव्य पंडाल बनाया गया था. सीएम की सुरक्षा में किसी प्रकार की चूक न हो, इसके लिए मगध प्रक्षेत्र के IG क्षत्रनील सिंह, DM आशुतोष कुमार वर्मा तथा SP एसपी अम्बरीष राहुल सहित जिले के अन्य पदाधिकारी कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण कर चुके थे.पटना से लेकर जिले के पदाधिकारियों के आने का सिलसिला अबतक जारी था. 

इसी बीच सीमेंट फैक्ट्री के शिलान्यास कार्यक्रम में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आगमन के स्थगित किए जाने की चर्चा से जिलेवासी उहापोह में हैं. प्रशासन ने इस खबर की अभी पुष्टि नहीं की है. लोगों की नजरें प्रशासन पर टिकी हुई है. 

पुनः शिलान्यास कार्यक्रम की घोषणा होगी या कुछ और होगा, इसपर लोग अपना-अपना तर्क दे रहे हैं. जब तक सरकारी स्तर पर कोई जानकारी नहीं दी जाएगी, तब तक  क्या होगा, कुछ कहना जल्दबाजी होगी.

                                            - चंद्रमौलि शर्मा.

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